सेंटर फॉर साइट और पालीवाल आई हॉस्पिटल ने जोधपुर में शुरू की एडवांस्ड कॉन्टूरा विजन सुविधा
साझेदारी से राजस्थान में व्यक्तिगत जरूरतों के अनुरूप दृष्टि सुधार और व्यापक नेत्र चिकित्सा सेवाओं तक पहुंच होगी मजबूत
जोधपुर, 15 अक्टूबर 2026: सेंटर फॉर साइट ग्रुप ऑफ आई हॉस्पिटल्स ने पालीवाल आई हॉस्पिटल के साथ मिलकर जोधपुर स्थित अपने मुख्य पाल रोड सेंटर में कॉन्टूरा विजन सुविधा शुरू की है। इस पहल से जोधपुर में मरीजों को व्यक्तिगत जरूरतों के अनुरूप लेसिक (LASIK) सर्जरी और व्यापक नेत्र चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध होंगी। इस साझेदारी के तहत पालीवाल आई हॉस्पिटल के स्थानीय अनुभव और स्थापित उपस्थिति के साथ सेंटर फॉर साइट की चिकित्सकीय विशेषज्ञता, एडवांस्ड तकनीक और देशव्यापी नेटवर्क का लाभ मरीजों को मिलेगा।
इस एडवांस्ड लेसिक सुविधा का उद्घाटन मुख्य अतिथि जोधपुर नगर निगम के माननीय मेयर, श्री प्रसन्न चंद मेहता जी की उपस्थिति में किया गया। इस अवसर पर जोधपुर नगर निगम के पार्षद श्री कन्हैया लाल जी पारीक और श्री संजय जी विश्नोई, विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस लॉन्च कार्यक्रम में पालीवाल आई हॉस्पिटल के मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. महेंद्र पालीवाल; पालीवाल आई हॉस्पिटल के कंसल्टेंट्स डॉ. प्रतीक जैन, डॉ. विकास शर्मा, और सेंटर फॉर साइट, जोधपुर के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. रतन पुरोहित भी उपस्थित रहे।
जोधपुर नगर निगम के माननीय मेयर, श्री प्रसन्न चंद मेहता जी ने कहा, “जोधपुर में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने का अर्थ है कि लोगों को अपने शहर में ही विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधाएं मिल सकें। सेंटर फॉर साइट और पालीवाल आई हॉस्पिटल की यह साझेदारी देशव्यापी विशेषज्ञता और स्थानीय अनुभव को एक साथ लेकर आई है। मैं इस पहल का स्वागत करता हूं और आशा करता हूं कि इससे जोधपुर और आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों को लाभ मिलेगा।”
सेंटर फॉर साइट ग्रुप ऑफ आई हॉस्पिटल्स के चेयरमैन एवं मेडिकल डायरेक्टर प्रो. (डॉ.) महिपाल एस. सचदेव ने कहा, “हमारा उद्देश्य विशेषज्ञ चिकित्सकीय अनुभव और उपयुक्त तकनीक को उन समुदायों के और करीब लाना है, जिनकी हम सेवा करते हैं। सेंटर फॉर साइट के नेटवर्क की ताकत विभिन्न क्षेत्रों में उपलब्ध चिकित्सकीय अनुभव और उपचार के विकल्पों में है, जिनके माध्यम से मरीजों की व्यक्तिगत जरूरतों के अनुरूप देखभाल की जा सकती है। पालीवाल आई हॉस्पिटल के साथ हमारी साझेदारी इस विशेषज्ञता को स्थानीय समुदाय की जरूरतों की गहरी समझ से जोड़ती है। जोधपुर में कॉन्टूरा विजन की शुरुआत से पात्र मरीजों को अपने शहर में ही दृष्टि सुधार का एक और एडवांस्ड विकल्प मिलेगा।”
पालीवाल आई हॉस्पिटल के मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. महेंद्र पालीवाल ने कहा, “हमारे मरीजों के लिए यह महत्वपूर्ण है कि उन्हें ऐसी चिकित्सकीय टीम से परामर्श मिले, जो उनकी जरूरतों को समझती हो और उपचार के दौरान लगातार उपलब्ध रहे। सेंटर फॉर साइट के साथ साझेदारी हमारी चिकित्सकीय क्षमताओं को मजबूत करती है, साथ ही मरीजों के साथ व्यक्तिगत जुड़ाव भी बनाए रखती है। मोतियाबिंद, रेटिना, ग्लूकोमा और बच्चों की आंखों की देखभाल जैसी सेवाओं के साथ कॉन्टूरा विजन की सुविधा जुड़ने से हम जोधपुर और आसपास के क्षेत्रों के मरीजों की अधिक व्यापक जरूरतों को पूरा कर सकेंगे। इससे मरीजों को शुरुआती जांच से लेकर उपचार के बाद की नियमित निगरानी तक बेहतर सहयोग मिल सकेगा।”
कॉन्टूरा विजन एक एडवांस्ड टोपोग्राफी-गाइडेड लेसिक प्रक्रिया है, जिसमें आंख के कॉर्निया यानी आंख के सामने मौजूद पारदर्शी सतह के लगभग 22,000 बिंदुओं की मैपिंग की जाती है। चश्मे के नंबर और अन्य चिकित्सकीय माप के साथ यह विस्तृत मैपिंग सर्जन को प्रत्येक मरीज के कॉर्निया की विशिष्ट बनावट को समझने
और उसके अनुसार लेजर उपचार की योजना तैयार करने में मदद करती है। यह प्रक्रिया मायोपिया यानी निकट दृष्टिदोष और एस्टिग्मेटिज्म यानी दृष्टिवैषम्य से पीड़ित उन मरीजों के लिए उपयोगी हो सकती है, जो चिकित्सकीय जांच के आधार पर इस उपचार के लिए उपयुक्त पाए जाते हैं। प्रत्येक आंख की विशेषताओं को ध्यान में रखकर उपचार की योजना बनाना व्यक्तिगत दृष्टि सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रगति है। उपयुक्त मरीजों में यह प्रक्रिया चश्मे या कॉन्टैक्ट लेंस पर निर्भरता कम करने में मदद कर सकती है, जिससे रोजमर्रा के काम अधिक सुविधाजनक हो सकते हैं।
राजस्थान में सेंटर फॉर साइट की उपस्थिति जयपुर, झुंझुनूं, अजमेर और जोधपुर तक फैली हुई है। इसके तहत जोधपुर में दो केंद्र और जयपुर के मालवीय नगर तथा वैशाली नगर में भी केंद्र संचालित हैं। पालीवाल आई हॉस्पिटल में कॉन्टूरा विजन की शुरुआत से क्षेत्र में सेंटर फॉर साइट की मौजूदगी और मजबूत होगी। इससे जोधपुर और आसपास के क्षेत्रों के मरीजों तथा परिवारों के लिए विशेषज्ञ नेत्र चिकित्सा सेवाओं की उपलब्धता का विस्तार होगा।
